मोरु एक पहेली

मोरु को देख कर लगता था कि गंगा के इस पार या उस पार वाला मुहावरा उस के लिये लिखा गया था| उसकी पसंद या नापसंदगी बड़ी जबरदस्त थी| जो काम वह नहीं करना चाहता वह् कोई भी उससे करवा नहीं सकता था और नाही कोई उसे अपने मन का काम करने से रोक सकता…